सोने के आभूषणों से सजा बप्पा का दरबार बेहद भव्य नजर आ रहा है।
आयोजन समिति के अनुसार, नोट, सोना और चांदी समेत पूरे श्रृंगार में इस्तेमाल सामग्री की अनुमानित कीमत करीब 3 करोड़ 85 लाख 31 हजार 111 रुपए है। यही वजह है कि फतहनगर का यह गणेश पंडाल इस बार खास चर्चा में है।
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, भगवान गणेश को सुख, समृद्धि और सौभाग्य का प्रतीक माना जाता है। फतहनगर में इसी भावना को अनोखी और भव्य सजावट के रूप में प्रस्तुत किया गया है। इस करोड़ों रुपए की सजावट को देखने के लिए स्थानीय लोगों के साथ आसपास के क्षेत्रों से भी श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। बड़ी मात्रा में नकदी और कीमती धातुओं के इस्तेमाल ने इस गणेश पंडाल को राजस्थान के चर्चित गणेशोत्सव आयोजनों में शामिल कर दिया है।
Leave a comment