जयपुर। राजस्थान पुलिस अब अपराधियों पर जमीन के साथ-साथ आसमान से भी नजर रखेगी। पुलिसिंग को हाईटेक बनाने के लिए प्रदेश में ‘ड्रोन कवच’ तैयार किया जा रहा है। पहले चरण में 17 पुलिसकर्मियों को ड्रोन पायलट के रूप में प्रशिक्षित किया जा रहा है, जबकि 24 एप्लीकेशंस का रोडमैप तैयार किया गया है।
पुलिसकर्मियों को करीब 3 सप्ताह की विशेष ट्रेनिंग दी जाएगी। इसके बाद ड्रोन के जरिए अपराध नियंत्रण, निगरानी और ऑपरेशन में मदद ली जाएगी। पुलिसकर्मी ड्रोन उड़ाने के साथ उसकी तकनीकी देखभाल और ऑपरेशन से जुड़ी जिम्मेदारियां भी संभालेंगे।
अपराध नियंत्रण में बढ़ेगी तकनीक की भूमिका
ड्रोन का इस्तेमाल संवेदनशील इलाकों की निगरानी, भीड़ प्रबंधन, संदिग्ध गतिविधियों पर नजर और पुलिस ऑपरेशन के दौरान किया जा सकेगा। इससे पुलिस को ऐसे इलाकों की निगरानी में मदद मिलेगी, जहां पारंपरिक तरीके से पहुंचना मुश्किल होता है।
राजस्थान पुलिस का यह कदम आने वाले समय में टेक्नोलॉजी आधारित पुलिसिंग को और मजबूत करने की दिशा में अहम माना जा रहा है।
Leave a comment